Shimla: हिमकेयर में तैयार कर दिए मर्दों की बच्चेदानी के ऑप्रेशन के फर्जी बिलों की विजीलैंस जांच शुरू, रिकार्ड तलब
punjabkesari.in Wednesday, Apr 08, 2026 - 07:08 PM (IST)
शिमला (राक्टा): हिमकेयर योजना में मर्दों की बच्चेदानी के ऑप्रेशन के फर्जी बिल तैयार करने से जुड़े मामले की विजीलैंस जांच शुरू हो गई है। इसी कड़ी में विजीलैंस द्वारा स्वास्थ्य विभाग और मैडीकल कॉलेजों से रिकार्ड तलब किए जाने की सूचना है। प्रदेश सरकार ने शिकायत मिलने पर 2 मैडीकल कॉलेजों व अस्पताल का आंतरिक ऑडिट करवाया था, जिसकी रिपोर्ट में कई चौंकाने वाले तथ्य सामने आए हैं। हिमकेयर से जुड़ा यह मामला बजट सत्र के दौरान विधानसभा में भी जोर-शोर से गूंजा था। मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने सदन में कहा था कि इंटरनल ऑडिट में हिमकेयर योजना के तहत 110 करोड़ रुपए घोटाले के संभावित संकेत मिले हैं।
उन्होंने सदन में चौंकाने वाले उदाहरण देते हुए कहा था कि जांच में पुरुष मरीज की बच्चेदानी (यूट्रस) से जुड़े बिल को दर्शाया गया है। इसके अलावा आंखों में एक्सपायरी डेट के लैंस डालने जैसे बिल सामने आए हैं। उनका कहना था कि ये सभी संकेत योजना में गड़बड़ी के साथ भ्रष्टाचार की ओर संकेत करते हैं। ऐसे में इसकी विजीलैंस से विस्तृत जांच करवाई जाएगी। इसी कड़ी में अब विजीलैंस ने अपनी प्रारंभिक जांच शुरू कर दी है। सूत्रों के अनुसार आने वाले समय में विजीलैंस जांच की आंच हिमकेयर के तहत इम्पैनल निजी अस्पतालों तक भी पहुंच सकती है। गौरतलब है कि पूर्व भाजपा सरकार ने वर्ष 2019 को हिमकेयर योजना शुरू की थी, जिसमें राज्य के लोगों को सूचीबद्ध अस्पतालों में 5 लाख रुपए तक का वार्षिक कैशलैस इलाज करवाने की सुविधा दी गई थी। योजना उन परिवारों को स्वास्थ्य सुरक्षा देने के लिए शुरू की थी, जो केंद्र सरकार की आयुष्मान योजना के दायरे में नहीं आते थे।
हिमकेयर नहीं की जा रही बंद
मुख्यमंत्री ने कहा कि भाजपा के नेता बार-बार कह रहे हैं कि हिमकेयर योजना बंद की जा रही है, जबकि सरकार हिमकेयर को बंद नहीं कर रही है, बल्कि उसमें सुधार कर रही है। हिमकेयर को इंश्योरैंस के तहत लाना सरकार की प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि भाजपा नेता असमंजस में फंसे हुए हैं और उन्हें यह तक मालूम नहीं कि किसे क्या कहना है।
क्या बोले, मुख्यमंत्री
मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू ने कहा कि हिमकेयर में मर्दों की बच्चेदानी के ऑप्रेशन के झूठे बिल बनाए गए हैं, जो बेहद अफसोस की बात है। बच्चेदानी का ऑप्रेशन तो महिलाओं का होता है, पुरुषों का थोड़े होता है। उन्होंने कहा कि 4 मामले ऐसे सामने आ चुके हैं। मुख्यमंत्री ने पूछे जाने पर कहा कि इंटरनल ऑडिट रिपोर्ट में जो तथ्य सामने आए हैं, उससे निश्चित रूप से हिमकेयर में घोटाला हुआ है।

