Shimla: कांग्रेस सरकार की 3 वर्ष की बजट घोषणाएं अधूरी, कहां गया पैसा : जयराम
punjabkesari.in Monday, Mar 16, 2026 - 11:12 PM (IST)
शिमला (ब्यूरो): पूर्व मुख्यमंत्री एवं नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने आरोप लगाया कि व्यवस्था परिवर्तन वाली कांग्रेस सरकार के 3 वर्ष की बजट घोषणाएं अधूरी है। उन्होंने कहा कि सरकार को यह बताना चाहिए कि उसकी तरफ से जिन बजट घोषणाओं के लिए प्रावधान किया गया है, वह पैसा कहां गया? जयराम ठाकुर ने शिमला से जारी बयान में कहा कि सुख की सरकार को चुनावी भाषण व बजट घोषणाओं का जवाब देना चाहिए।
उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ घोषणाएं तो सिर्फ कागजों में ही रह गई। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री को समझना चाहिए कि चुनावी रैली और विधानसभा के भीतर कही गई बातों के बीच फर्क होता है। उन्होंने कहा कि जिन योजनाओं का बजट में प्रावधान होता है, उसे पूरा करना भी सरकार की जिम्मेदारी होती है। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस ने गारंटी के नाम पर प्रदेश की मातृ शक्ति और बजट घोषणा के नाम पर छात्र शक्ति से झूठ बोला।
उन्होंने कहा कि पहले ही बजट में सरकार ने 20,000 मेधावी छात्राओं को इलैक्ट्रिक स्कूटी के लिए 25 हजार रुपए की सबसिडी देने की घोषणा की, जिसका अब जिक्र भी नहीं होता। प्रदेश में 6 ग्रीन कॉरिडोर बनाने की घोषणा करने वाली सरकार ने इलैक्ट्रिक चार्जिंग पर ₹6 प्रति यूनिट का एन्वायरनमैंट सैस लगाया है। प्रदेश के हर विधानसभा में आदर्श स्वास्थ्य संस्थान खोलने की घोषणा हुई, लेकिन काम सिर्फ हवा हवाई हैं। चम्बा, नाहन व हमीरपुर में पैट स्कैन की घोषणा फाइलों में दफन है। किसानों, बागवानों, खिलाड़ियों, महिलाओं व जनजातीय क्षेत्रों के निवासियों के लिए की गई छोटी-छोटी घोषणाएं भी कागज से बाहर नहीं निकल पाई हैं।
युवाओं के लिए नौकरी, रोजगार और स्वावलम्बन की घोषणाएं भी कागज तक सीमित हैं। उन्होंने कहा कि व्यवस्था परिवर्तन के बड़े दावे करने वाली राज्य सरकार ने अपने कार्यकाल के पहले वर्ष में 63,712 करोड़ रुपए, दूसरे वर्ष में 75,496 करोड़ रुपए और तीसरे वर्ष में 58,343 करोड़ रुपए (अनुपूरक बजट को छोड़कर) का बजट विधानसभा में प्रस्तुत किया। इस प्रकार 3 वर्षों में सरकार ने लगभग 2.2 लाख करोड़ रुपए का बजट पेश किया। इसके अतिरिक्त सरकार ने इस अवधि में 45,000 करोड़ रुपए से अधिक का कर्ज भी लिया।

