Shimla: सड़क हादसे में जान गंवाने वाले युवक के माता-पिता को 16.55 लाख मुआवजा देने के आदेश
punjabkesari.in Monday, Jul 06, 2026 - 10:17 PM (IST)
शिमला (मनोहर): प्रदेश हाईकोर्ट ने सड़क हादसे में जान गंवाने वाले 25 वर्षीय युवक के माता-पिता को बड़ी राहत देते हुए मुआवजे की राशि को करीब तीन गुना बढ़ा दिया। कोर्ट ने मोटर एक्सीडैंट क्लेम्स ट्रिब्यूनल द्वारा तय 4.86 रुपए लाख के मुआवजे को बढ़ाकर 16,55,000 रुपए करने का आदेश जारी किया है। यह फैसला न्यायाधीश विरेंदर सिंह की एकल पीठ ने सुनाया। मामले के अनुसार 27 मई, 2008 को पांवटा साहिब (सिरमौर) के भूपपुर में एक ट्रक दुर्घटना में रणजीत सिंह नाम के 25 वर्षीय युवक की मौत हो गई थी।
ट्रिब्यूनल ने युवक की काल्पनिक आय को 5,000 रुपए महीना मानते हुए 4,86,985 रुपए का मुआवजा तय किया था। हाईकोर्ट ने ट्रिब्यूनल के इस आकलन को गलत माना। कोर्ट ने रिकॉर्ड देखकर पाया कि मृतक ने कम्प्यूटर हार्डवेयर का डिप्लोमा किया था और हादसे से ठीक एक महीने पहले ही उसने अपने भाई के साथ मिलकर एक इंडस्ट्रीयल यूनिट शुरू की थी। कोर्ट ने टिप्पणी की कि "भगवान ने मृतक को अपनी फैक्टरी से कमाई करने का समय नहीं दिया"।
कोर्ट ने कहा कि नए स्टार्टअप और शैक्षणिक योग्यता को देखते हुए मृतक की आय केवल 5,000 रुपए मानना न्यायसंगत नहीं है। हाईकोर्ट ने मृतक की मासिक आय को 10,000 रुपए तय किया और इसमें 40 प्रतिशत भविष्य की संभावनाओं को जोड़कर और अन्य कानूनी मापदंडों को शामिल कर कुल मुआवजा 16.55 रुपए लाख निर्धारित किया। हाईकोर्ट ने निर्देश दिया कि बढ़े हुए मुआवजे की इस पूरी राशि का भुगतान आईसीआईसीआई लोम्बार्ड मोटर इंश्योरैंस कंपनी को ही करना होगा। माता-पिता को याचिका दायर करने की तिथि से लेकर पूरी रकम वसूल होने तक 7.5 प्रतिशत वार्षिक ब्याज भी मिलेगा।

