सरकाघाट छात्रा हत्याकांड: आरोपी विकास की तबीयत बिगड़ी, अस्पताल में भर्ती; अब तक जांच में हुए ये खुलासे
punjabkesari.in Wednesday, Apr 15, 2026 - 01:31 PM (IST)
Sarkaghat Student Murder Case : हिमाचल प्रदेश के मंडी जिले के गोपालपुर में हुए सिया गुलेरिया हत्याकांड की जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ रही है, चौंकाने वाले तथ्य सामने आ रहे हैं। मंगलवार को आरोपी को अदालत में पेश करने के बाद पुलिस रिमांड पर भेज दिया गया है। हालांकि डीएसपी संजीव गौतम के अनुसार, तबीयत बिगड़ने पर आरोपी को अस्पताल में भर्ती कराया गया है। उन्होंने कहा कि आरोपी का इलाज चल रहा है।
सनकीपन में दिया वारदात को अंजाम
वहीं, इस हत्याकांड में सबसे चौंकाने वाला खुलासा हत्या की वजह को लेकर हुआ है। अब तक की जांच में आरोपी विकास उर्फ रिशु का सिया से कोई सीधा विवाद या रंजिश सामने नहीं आई है। पुलिस का मामना है कि सनकीपन में उसने वारदात को अंजाम दिया है। स्थानीय विधायक चंद्रशेखर ने पीड़ित परिवार से मुलाकात के बाद बताया कि यह मर्डर पूरी तरह सनक का परिणाम था। उन्होंने कहा कि यदि सिया की जगह उस वक्त कोई और भी वहां होता, तो आरोपी शायद उसे भी अपना निशाना बना लेता।
लंबे समय से अपने साथ दराट रखता था आरोपी
पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपी विकास लंबे समय से अपने साथ दराट रखता था। वह भांग के नशे का आदी था और पहले वह लुधियाना में नौकरी कर चुका था। उसके परिजनों ने उसे नशामुक्ति केंद्र में भी भर्ती कराया था, लेकिन उसकी आदतों में सुधार नहीं हुआ। बताया जा रहा है कि वारदात के समय वह अपनी मां का मोबाइल इस्तेमाल कर रहा था, जिसे पुलिस ने जब्त कर लिया है। पुलिस के पास इस केस में दो सबसे मजबूत सबूत हैं। पहला, एक महिला जिसने पूरी घटना अपनी देखी है। दूसरा, सीसीटीवी फुटेज जिसमें आरोपी कैद हुआ है। इसके अलावा, गिरफ्तारी के दौरान आरोपी द्वारा युवकों पर दराट से हमला करने का वीडियो भी पुलिस के पास मौजूद है।
मेरा बेटा कातिल है, तो उसे फांसी की सजा मिलनी चाहिए- आरोपी की मां
वहीं, आरोपी की मां ने मीडिया से बात करते हुए साफ कहा कि वह वारदात के वक्त घर पर नहीं थी। उन्होंने भावुक होते हुए कहा कि यदि उनका बेटा कातिल है, तो उसे फांसी की सजा मिलनी चाहिए। उन्होंने पुलिस को अपना पूरा सहयोग देने की बात कही है। वहीं, प्रदेश के लोक निर्माण मंत्री विक्रमादित्य सिंह ने परिवार से मुलाकात कर संवेदना जताई। सरकार की ओर से परिवार को घर बनाने के लिए 5 लाख और अन्य सहायता के तौर पर 5 लाख रुपये देने का ऐलान किया गया है। साथ ही सिया की अन्य बहनों की पढ़ाई का खर्च भी सरकार उठाएगी।

