चंडीगढ़ में BJP ऑफिस पर ग्रेनेड हमले में बड़े आतंकी मॉड्यूल का भंडाफोड़, हिमाचल से जुड़े तार....शिमला का युवक गिरफ्तार
punjabkesari.in Sunday, Apr 05, 2026 - 04:46 PM (IST)
शिमला (संतोष): चंडीगढ़ के सैक्टर-37 स्थित पंजाब भाजपा मुख्यालय पर 1 अप्रैल को हुए हैंड ग्रेनेड हमले की गुत्थी सुलझ गई है। पंजाब पुलिस की काऊंटर इंटैलीजैंस विंग और चंडीगढ़ पुलिस के संयुक्त ऑप्रेशन में एक बड़े आतंकी मॉड्यूल का भंडाफोड़ हुआ है। सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि इस आतंकी नैटवर्क के तार सीधे हिमाचल प्रदेश की राजधानी शिमला से जुड़ गए हैं। पुलिस ने मामले में 5 आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जिनमें शिमला के थाना गांव का निवासी रूबल चौहान भी शामिल है। इस खुलासे के बाद शांत माने जाने वाले हिमाचल प्रदेश और विशेषकर शिमला पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया है।
ISI का समर्थन, जर्मनी-पुर्तगाल में बैठे विदेशी हैंडलर कर रहे थे संचालित
जांच में यह साफ हुआ है कि इस खौफनाक नेटवर्क को पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आईएसआई का समर्थन प्राप्त था। इसे पुर्तगाल और जर्मनी में बैठे विदेशी हैंडलर संचालित कर रहे थे और युवाओं को सीधे निर्देश दे रहे थे। गिरफ्तार किए गए 5 आरोपियों में शिमला के रूबल चौहान के अलावा बलविंदर लाल उर्फ शमी, जसवीर सिंह उर्फ जस्सी, चरणजीत सिंह उर्फ चन्नी (तीनों निवासी नवांशहर) और मनदीप उर्फ अभिजीत शर्मा (संगरूर) शामिल हैं।
ग्रेनेड और हथियारों की सप्लाई में था रूबल का हाथ
बता दें कि 1 अप्रैल को एक व्यक्ति ने भाजपा कार्यालय के बाहर ग्रेनेड फैंकने की कोशिश की थी, लेकिन निशाना चूकने से वह बाहर ही गिर गया। सीसीटीवी और मोबाइल डंप डाटा की मदद से पुलिस आरोपियों तक पहुंची। जांच में सामने आया है कि रूबल चौहान और अन्य आरोपियों ने मुख्य हमलावरों तक हथियारों और ग्रेनेड की खेप पहुंचाने (लॉजिस्टिक्स) में अहम भूमिका निभाई थी।
अब शिमला पुलिस खंगालेगी रूबल की पूरी कुंडली
शिमला जैसे शांत इलाके से आतंकी मॉड्यूल के सदस्य का पकड़ा जाना सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े करता है। चंडीगढ़ व पंजाब पुलिस अब शिमला पुलिस से संपर्क साध रही है। शिमला पुलिस आरोपी रूबल के गांव और दोस्तों से पूछताछ कर उसकी विस्तृत रिपोर्ट तैयार करेगी। पुलिस यह पता लगाएगी कि रूबल का कोई पुराना आपराधिक इतिहास तो नहीं है? शिमला में वह किन लोगों के संपर्क में था और क्या यहां कोई और स्लीपर सेल सक्रिय है? उसके बैंक खातों में विदेशी (पुर्तगाल/जर्मनी) फंड तो नहीं आया? क्या हमले से पहले या बाद में अन्य आतंकियों ने शिमला के थाना गांव या आसपास पनाह ली थी?
शिमला पुलिस करेगी पूरा सहयोग : गौरव सिंह
शिमला के एसएसपी गौरव सिंह ने मामले की गंभीरता को देखते हुए कहा कि चंडीगढ़ व पंजाब पुलिस की हरसंभव मदद की जाएगी। जांच एजेंसियां जो भी जानकारी या सहयोग मांगेंगी, उसका पूरा विवरण उन्हें उपलब्ध करवाया जाएगा।

