Himachal: सुक्खू सरकार का जनता को बड़ा झटका, डिपुओं में मिलने वाले राशन पर चली कैंची; APL परिवारों का कोटा घटा
punjabkesari.in Saturday, Feb 28, 2026 - 12:36 PM (IST)
शिमला: महंगाई की मार झेल रहे हिमाचल प्रदेश के आम लोगों को सुक्खू सरकार ने होली और नवरात्रों के त्योहार से ठीक पहले एक जोर का झटका दिया है। प्रदेश के करीब साढ़े 19 लाख राशनकार्ड धारक, जो सस्ती दरों पर राशन के लिए सरकारी डिपुओं पर निर्भर हैं, उन्हें अब कम राशन से ही गुजारा करना पड़ेगा। खाद्य आपूर्ति विभाग ने आटे की सप्लाई में बड़ी कटौती करने का फैसला लिया है, जिसका सीधा असर मध्यम वर्गीय परिवारों (एपीएल) की जेब पर पड़ेगा।
14 नहीं, अब मिलेगा सिर्फ 11 किलो आटा
खाद्य आपूर्ति विभाग द्वारा जारी नई व्यवस्था के मुताबिक, गरीबी रेखा से ऊपर (एपीएल) आने वाले परिवारों के राशन कोते में कटौती की गई है। अब इन कार्ड धारकों को डिपुओं पर 14 किलो के बजाय मात्र 11 किलो आटा ही मिलेगा। इससे पहले फरवरी में भी एक किलो की कटौती की गई थी, लेकिन अब सीधे 2 किलो और कम कर दिया गया है। यानी कुल मिलाकर 3 किलो आटे की चपत उपभोक्ताओं को लगी है।
बाजार से महंगा आटा खरीदने पर होना पड़ेगा मजबूर
प्रदेश में लाखों परिवार ऐसे हैं जो दो वक्त की रोटी के लिए सरकारी डिपो के सस्ते राशन पर निर्भर हैं। एपीएल परिवारों को सरकार 12 रुपए प्रति किलो की दर से आटा उपलब्ध करवाती है। बाजार में आटे के दाम आसमान छू रहे हैं, ऐसे में सरकारी कोटे में कमी होने से अब लोगों को बाजार से महंगा आटा खरीदने पर मजबूर होना पड़ेगा, जिससे उनका मासिक बजट गड़बड़ाना तय है।
बीपीएल और एनएफएसए परिवारों को राहत बरकरार
राहत की बात यह है कि इस कटौती का असर सबसे गरीब तबके पर नहीं पड़ेगा। राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम (एनएफएसए) के तहत आने वाले परिवारों को पहले की तरह ही 35 किलो राशन मिलता रहेगा। इसमें 15 किलो चावल पूरी तरह मुफ्त दिए जाएंगे। अन्य श्रेणियों को 18 किलो 800 ग्राम आटा मात्र 1.20 रुपए प्रति किलो की दर से मिलता रहेगा।
चावल और दालों की सप्लाई में कोई बदलाव नहीं
खाद्य आपूर्ति विभाग ने स्पष्ट किया है कि यह कटौती फिलहाल केवल एपीएल परिवारों के आटे के कोटे में की गई है। चावल की मात्रा में कोई बदलाव नहीं हुआ है। इसके अलावा डिपुओं पर मिलने वाली अन्य वस्तुएं जैसे मलका, माश और चना दाल, 2 लीटर तेल (रिफाइंड व सरसों), चीनी और नमक की सप्लाई बदस्तूर जारी रहेगी।
विभाग की डिपो धारकों और उपभोक्ताओं से अपील, समय पर उठाएं राशन
खाद्य आपूर्ति विभाग ने यह भी कहा है कि आटे की यह कटौती अस्थायी है। विभाग ने सभी डिपो धारकों को समय पर राशन उठाने और उपभोक्ताओं को वितरित करने के सख्त निर्देश दिए हैं। साथ ही उपभोक्ताओं से अपील की गई है कि वे निर्धारित समय सीमा के भीतर अपने हिस्से का राशन प्राप्त कर लें।

