Shimla: शिक्षा विभाग में एक साथ रिटायर होंगे 1500 से ज्यादा शिक्षक
punjabkesari.in Wednesday, Mar 18, 2026 - 06:31 PM (IST)
शिमला (प्रीति): प्रदेश सरकार ने शिक्षा विभाग में पिछले वर्ष शिक्षकों की सेवानिवृत्ति तिथि को एकसमान करते हुए 31 मार्च निर्धारित करने का फैसला लिया था, जिसके तहत इस साल 31 मार्च को 1500 से अधिक शिक्षक एक साथ रिटायर होंगे। इस निर्णय को पिछले वर्ष लागू किया गया था, जिसका उद्देश्य शैक्षणिक सत्र के बीच में शिक्षकों के रिटायर होने से पढ़ाई पर पड़ने वाले असर को रोकना था। अब इसी नीति के तहत प्रदेशभर में जेबीटी से लेकर प्रिंसीपल स्तर तक के शिक्षक एक ही दिन सेवा से मुक्त होंगे। ऐसे में स्कूलों में भारी संख्या में शिक्षकों के पद खाली हो जाएंगे। हालांकि इसके बाद विभाग अप्रैल महीने में शिक्षकों के तबादले और युक्तिकरण की प्रक्रिया शुरू करेगा, ताकि नए शैक्षणिक सत्र शुरू होने से पहले खाली पदों पर नियुक्ति या वैकल्पिक व्यवस्था की जा सके।
खाली पदों को भरना होगा बड़ी चुनौती
इस बार एक साथ बड़ी संख्या में शिक्षकों के रिटायर होने से शिक्षा विभाग के सामने रिक्त पदों को भरने की बड़ी चुनौती खड़ी हो गई है। यदि समय रहते भर्ती प्रक्रिया पूरी नहीं हुई, तो नए सत्र में स्कूलों में स्टाफ की कमी साफ नजर आ सकती है। मौजूदा समय में भी स्कूलों में पर्याप्त स्टाफ नहीं है। दूरदराज और ग्रामीण क्षेत्रों के स्कूलों में इसका ज्यादा असर पड़ सकता है, जहां पहले से ही शिक्षकों की कमी बनी हुई है।
155 सरकारी सीबीएसई स्कूलों में तैनात किए जाएंगे 8 हजार से अधिक शिक्षक
नए शैक्षणिक सत्र में 155 सरकारी सीबीएसई स्कूलों में लगभग 8 हजार से अधिक शिक्षक तैनात किए जाएंगे। इनमें से 5600 के आसपास इन सर्विस टीचर ही होंगे, जबकि शेष शिक्षक सरकार आऊटसोर्स पर भर्ती करने जा रही है। इनमें 800 शिक्षक अंग्रेजी और गणित के होंगे, जबकि एक हजार से अधिक योगा, म्यूजिक सहित कई अन्य विषय के शिक्षकों के अलावा काऊंसलर कम वैलनैस भी शामिल होंगे। सीबीएसई स्कूलों में इन सर्विस टीचर की नियुक्ति से अन्य स्कूलों में शिक्षकों के पद खाली हो जाएंगे।

