HRTC बस हादसे में 3 लाेगाें की मौत, सीएम सुक्खू सहित डिप्टी सीएम ने जताया गहरा शोक...राहत कार्याें के दिए निर्देश
punjabkesari.in Tuesday, Feb 03, 2026 - 12:39 PM (IST)
शिमला/पांवटा साहिब: हिमाचल पथ परिवहन निगम (HRTC) की नेरवा डिपो की एक बस चौपाल से वाया उत्तराखंड हाेकर पांवटा साहिब जाते समय उत्तराखंड के क्काणु क्षेत्र में एक भीषण दुर्घटना का शिकार हो गई। प्राप्त जानकारी के अनुसार अन्य वाहन से पास लेते समय सड़क का डंगा बैठने के कारण बस गहरी खाई में जा गिरी। बस में लगभग 32 यात्री सवार थे। कंडक्टर से मिली प्रारंभिक सूचना के मुताबिक इस दुखद हादसे में 3 लोगों की माैके पर ही मृत्यु हो गई। मृतकाें में 2 महिलाएं और एक नेपाली मूल का व्यक्ति शामिल है। वहीं अन्य घायलाें का इलाज उत्तराखंड के विकासनगर अस्पताल में चल रहा है।
मुख्यमंत्री ने दिए तत्काल सहायता के निर्देश
मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने इस घटना पर गहरा दुख व्यक्त करते हुए इसे अत्यंत हृदयविदारक बताया है। उन्होंने कहा कि वे शोक संतप्त परिवारों के साथ पूरी संवेदना के साथ खड़े हैं। मुख्यमंत्री ने तुरंत दूरभाष के माध्यम से जिला प्रशासन से स्थिति का जायजा लिया। उन्होंने घटनास्थल के स्थानीय प्रशासन को कड़े निर्देश दिए हैं कि प्रभावित परिवारों को हरसंभव सहायता प्रदान की जाए और घायलों को तत्काल सर्वोत्तम चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध करवाई जाएं। उन्होंने ईश्वर से दिवंगत आत्माओं की शांति और घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की है।
उपमुख्यमंत्री ने अधिकारियों को मौके पर भेजा
परिवहन विभाग का जिम्मा संभाल रहे उपमुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने भी घटना पर गहरा दुख जताते हुए त्वरित प्रशासनिक कदम उठाए हैं। उन्होंने जानकारी दी कि घटना की सूचना मिलते ही शिमला और सिरमौर से HRTC अधिकारियों का एक दल घटनास्थल के लिए रवाना कर दिया गया है। इसके अतिरिक्त, चौपाल के एसडीएम, डीएसपी और नाहन के आरटीओ को तुरंत मौके पर पहुँचने के निर्देश दिए गए हैं ताकि राहत और बचाव कार्य में तेजी लाई जा सके।
उत्तराखंड सरकार से सहयोग का आग्रह
उपमुख्यमंत्री ने बताया कि इस गंभीर स्थिति से निपटने के लिए उत्तराखंड सरकार से भी सहयोग का आग्रह किया गया है, ताकि घायलों को जल्द से जल्द मदद मिल सके। सरकार ने मृतकों की आत्मा की शांति और घायलों के जल्द ठीक होने की प्रार्थना करते हुए पीड़ित परिवारों को इस कठिन समय में धैर्य रखने की अपील की है। राहत एवं बचाव कार्य युद्ध स्तर पर जारी है।

