हिमाचल के लिए बड़ी खुशखबरी, दो अहम सड़क परियोजनाओं के लिए ₹239.45 करोड़ मंजूर
punjabkesari.in Wednesday, Jul 29, 2026 - 10:38 AM (IST)
हिमाचल डेस्क : हिमाचल प्रदेश सरकार को राज्य में सड़क अपग्रेडेशन के दो अहम प्रोजेक्ट्स के लिए भारत सरकार के सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय से सेंट्रल रोड एंड इंफ्रास्ट्रक्चर फंड (CRIF) 2026-27 के तहत 239.45 करोड़ रुपये की मंज़ूरी मिल गई है।
एक प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, लोक निर्माण और शहरी विकास मंत्री विक्रमादित्य सिंह ने इस मंज़ूरी का स्वागत करते हुए कहा कि यह मंज़ूरी हिमाचल प्रदेश सरकार और लोक निर्माण विभाग की लगातार और समन्वित कोशिशों का नतीजा है। उन्होंने केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी के नेतृत्व में केंद्र सरकार और सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय के साथ इन प्रोजेक्ट्स पर लगातार काम किया था। सिंह ने कहा, "राज्य सरकार और लोक निर्माण विभाग ने सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय के साथ लगातार इन प्रस्तावों पर बात की है। हमें खुशी है कि हमारी लगातार कोशिशों के सकारात्मक नतीजे मिले हैं और हिमाचल प्रदेश को यह अहम मंज़ूरी मिली है।"
किसानों को मिलेगी बड़ी राहत
प्रेस के अनुसार, मंज़ूर किए गए प्रोजेक्ट्स में 203.52 करोड़ रुपये की लागत से छैला-नेरीपुल-यशवंत नगर-कुमारहट्टी सड़क का अपग्रेडेशन और 35.93 करोड़ रुपये की लागत से टिक्कर-जारोल-खमाडी सड़क के बाकी 16 किलोमीटर हिस्से का अपग्रेडेशन शामिल है। मंत्री ने कहा कि टिक्कर-जारोल-खमाडी सड़क के बाकी 16 किलोमीटर हिस्से की मंज़ूरी ( जो पहले के पैकेज में शामिल नहीं था) खास तौर पर अहम है, क्योंकि इससे पूरा सड़क कॉरिडोर पूरा हो जाएगा। इससे किसानों और बागवानों, खासकर रामपुर विधानसभा क्षेत्र में रहने वालों को बड़ी राहत मिलेगी, क्योंकि इससे बिना रुकावट कनेक्टिविटी सुनिश्चित होगी। उन्होंने आगे कहा कि छैला-नेरीपुल-यशवंत नगर-कुमारहट्टी रोड, थियोग, कोटखाई, जुब्बल, रोहड़ू और चौपाल जैसे सेब उगाने वाले इलाकों के लिए एक जीवन रेखा है। इस प्रोजेक्ट से सड़क कनेक्टिविटी में काफी सुधार होगा, सेब और बागवानी से जुड़ी दूसरी फसलों का तेज़ी से और सुरक्षित ट्रांसपोर्टेशन आसान होगा, ट्रांसपोर्टेशन का खर्च कम होगा और ग्रामीण अर्थव्यवस्था मज़बूत होगी।
'राज्य सरकार सभी जरूरी प्रक्रियाओं को तेज़ी से पूरा करेगी'
सिंह ने कहा, "ये प्रोजेक्ट सिर्फ़ सड़क इंफ्रास्ट्रक्चर में निवेश नहीं हैं, ये हमारे किसानों और बागवानी करने वालों की आजीविका में निवेश हैं। बेहतर कनेक्टिविटी से बाज़ार तक पहुंच बढ़ेगी, फसल कटाई के बाद होने वाला नुकसान कम होगा और हिमाचल प्रदेश के बागवानी सेक्टर के लंबे समय के विकास में मदद मिलेगी।" लोक निर्माण और शहरी विकास मंत्री ने आगे कहा कि राज्य सरकार सभी ज़रूरी प्रक्रियाओं को तेज़ी से पूरा करेगी ताकि निर्माण कार्य जल्द से जल्द शुरू हो सके और तय समय सीमा के अंदर पूरा हो जाए। सिंह ने कहा, "हिमाचल प्रदेश सरकार राज्य के लोगों के लिए विकास से जुड़े हर संभव लाभ को सुनिश्चित करने के लिए पार्टी की राजनीति से ऊपर उठकर भारत सरकार के साथ मिलकर रचनात्मक रूप से काम करने के लिए प्रतिबद्ध है। विकास और जन कल्याण हमेशा हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता रहेगी।

