Himachal: भाजपा नेता रणधीर शर्मा का बड़ा आरोप, कहा-''AI Summit में शर्ट लैस विरोध प्रदर्शन के प्रमुख सूत्रधार हैं CM सुक्खू''
punjabkesari.in Saturday, Feb 28, 2026 - 05:16 PM (IST)
शिमला (कुलदीप): भाजपा प्रदेश मीडिया प्रभारी एवं विधायक रणधीर शर्मा ने आरोप लगाया है कि मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू एआई समिट-2026 में युवा कांग्रेस की तरफ से किए गए शर्ट लैस विरोध प्रदर्शन के प्रमुख सूत्रधार हैं। इसी कारण राजस्व घाटा अनुदान (आरडीजी) के मुद्दे पर 3 दिन सरकारी संकल्प पर चर्चा करने के बाद विधानसभा को 18 मार्च तक स्थगित कर दिया गया। रणधीर शर्मा शिमला में पत्रकार वार्ता को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री विधानसभा के 3 दिवसीय सत्र के स्थगित होने के बाद सीधे नई दिल्ली गए, जहां पर हाईकमान से अपने मंत्रिमंडल सहयोगियों के साथ मुलाकात की।
जिस हिमाचल सदन में सीएम ठहरे, वहां प्रदर्शनकारियों को मिली पनाह
रणधीर शर्मा ने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री जिस हिमाचल सदन में ठहरे थे, वहीं पर प्रदर्शनकारियों को शरण दी गई। उन्होंने आरोप लगाया कि बाद में प्रदर्शनकारियों को सरकारी संरक्षण देकर हिमाचल प्रदेश में पुलिस की मदद से ठहराया गया। उन्होंने दावा किया कि कांग्रेस हाईकमान 3 वर्ष बाद मुख्यमंत्री को बदलना चाहता था। ऐसे में मुख्यमंत्री ने हाईकमान को खुश करने के लिए इस तरह की घटना में साथ दिया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस कहीं भी किसी अवस्था में प्रदर्शन करे, लेकिन जब राष्ट्रहित की बात हो तो वहां ऐसा करना शोभा नहीं देता। एआई समिट भाजपा का नहीं बल्कि भारत सरकार का आयोजन था, जिसमें 100 से अधिक देशों के प्रतिनिधि आए थे।
3 दिन पीएम व वित्त मंत्री से नहीं मिले
भाजपा मीडिया विभाग प्रभारी एवं विधायक रणधीर शर्मा ने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री विधानसभा में प्रधानमंत्री और केंद्रीय वित्त मंत्री से मिलने का आश्वासन देकर अपने मंत्रिमंडल के साथ नई दिल्ली गए थे। उन्होंने कहा कि 3 दिन नई दिल्ली में बिताने के बावजूद मुख्यमंत्री न तो प्रधानमंत्री और न ही केंद्रीय वित्त मंत्री से मिलने गए। इसके विपरीत नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने केंद्रीय वित्त मंत्री से मुलाकात करके प्रदेश हित से जुड़े विषयों पर व्यापक चर्चा की।
मुख्यमंत्री कार्यालय की भूमिका की हो निष्पक्ष जांच
रणधीर शर्मा ने एआई इम्पैक्ट समिट प्रकरण को लेकर मुख्यमंत्री कार्यालय की भूमिका की केंद्रीय जांच एजैंसियों से निष्पक्ष जांच की मांग को दोहराया। उन्होंने कहा कि इस मांग को लेकर भाजपा ने राज्यपाल को भी ज्ञापन सौंपा है। उन्होंने कहा कि जब दिल्ली पुलिस विधिसम्मत दस्तावेजों और न्यायालय से अनुमति प्राप्त कर आरोपियों को लेकर लौट रही थी, तब हिमाचल पुलिस की तरफ से उन्हें रोकने के अलावा एफआईआर क्यों दर्ज की? उन्होंने आरोप लगाया कि यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि प्रदेश का मुख्यमंत्री संवैधानिक मर्यादाओं को ठेस पहुंचाते हुए एक कांग्रेसी नेता की तरह व्यवहार करके राष्ट्रविरोधी गतिविधियों को अंजाम देने वालों के पीछे खड़ा है।
भाजपा की हर बात का जवाब देना उचित नहीं समझता : सीएम सुक्खू
उधर, मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू से शिमला में एक कार्यक्रम के दौरान जब भाजपा की तरफ से लगाए गए आरोपों को लेकर प्रश्न पूछा तो उन्होंने कहा कि वह भाजपा की हर बात का जवाब देना उचित नहीं समझते। उन्होंने इस बारे में कोई भी टिप्पणी करने से इंकार कर दिया।

