हिमाचल में दोस्त ही निकला जान का दुश्मन: पहले साथ पी शराब.. फिर नदी में धकेला
punjabkesari.in Saturday, Jan 10, 2026 - 12:59 PM (IST)
हिमाचल डेस्क। पहाड़ों की शांत वादियों में बहने वाली ब्यास की लहरें उस वक्त एक दर्दनाक हादसे की गवाह बनीं, जब शराब के नशे में डूबे दो दोस्तों के बीच की मामूली तकरार 'मौत के धक्के' में बदल गई। बंजार के गाड़ागुशौणी में हुए हालिया कांड की राख अभी ठंडी भी नहीं हुई थी कि कुल्लू के पतलीकूहल क्षेत्र के 16 मील इलाके में एक और सनसनीखेज हत्याकांड ने पूरे जिले को दहला दिया है।
दोस्ती का खूनी अंत
यह घटना उस वक्त शुरू हुई जब दो नेपाली मूल के प्रवासी मज़दूर एक साथ बैठकर शराब पी रहे थे। हंसी-मजाक और गपशप का दौर कब तीखी बहस में बदल गया, इसका अंदाज़ा शायद उन दोनों को भी नहीं था। पुलिस की शुरुआती तफ्तीश के मुताबिक, ललित उर्फ ललन ने गुस्से में आकर अपने ही साथी बीर बहादुर सिंह (36 वर्ष) को सड़क के किनारे से उफनती नदी की ओर जोर से धक्का दे दिया।
बीर बहादुर संभल नहीं पाया और सीधे नदी के पत्थरों और पानी के बीच जा गिरा। ऊंचाई से गिरने और गहरे पानी की चपेट में आने के कारण उसकी मौके पर ही सांसें थम गईं।
कातिल दोस्त पुलिस की गिरफ्त में
वारदात की खबर मिलते ही पतलीकूहल पुलिस ने एक्शन मोड में आते हुए आरोपी ललित को दबोच लिया है। मृतक और आरोपी दोनों ही नेपाल के जाजरकोट (कर्णाली प्रदेश) के रहने वाले थे और यहाँ रोज़ी-रोटी की तलाश में आए थे। पुलिस ने इस मामले में निम्नलिखित कार्रवाई की है:
चश्मदीदों की गवाही: घटना के वक्त मौजूद कुछ लोगों ने आरोपी को धक्का देते हुए देखा था, जिनके बयान पुलिस ने दर्ज कर लिए हैं।
कानूनी कार्रवाई: आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 103 के तहत हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया है।
जांच का दायरा: पुलिस यह पता लगा रही है कि क्या यह केवल तात्कालिक विवाद था या इसके पीछे कोई पुरानी रंजिश भी छिपी थी।
"नशा विनाश की जड़ है। हमने आरोपी को हिरासत में ले लिया है और मामले की बारीकी से छानबीन की जा रही है। किसी भी व्यक्ति को कानून अपने हाथ में लेने की अनुमति नहीं है।" — मदन लाल कौशल, पुलिस अधीक्षक, कुल्लू
स्थानीय लोगों में दहशत
कुल्लू घाटी में लगातार हो रही इन हिंसक घटनाओं ने स्थानीय निवासियों को चिंता में डाल दिया है। लोगों का कहना है कि बढ़ते नशे के प्रचलन के कारण अब छोटी-छोटी बातें भी जानलेवा हमलों में तब्दील हो रही हैं।

