HP Budget 2026-27: कर्मचारियों-पैंशनरों की बल्ले-बल्ले! आऊटसोर्स और आंगनबाड़ी सहित इन वर्करों का मानदेय बढ़ा
punjabkesari.in Saturday, Mar 21, 2026 - 06:47 PM (IST)
शिमला: हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू द्वारा पेश किए गए वित्तीय वर्ष 2026-27 के बजट में सरकारी कर्मचारियों, पैंशनरों, दिहाड़ीदारों और विभिन्न विभागों में सेवाएं दे रहे वर्करों के लिए राहत का बड़ा पिटारा खोला गया है। सरकार ने कर्मचारियों के लंबित एरियर के भुगतान से लेकर मानदेय बढ़ाने और अनुबंध कर्मचारियों को साल में दो बार नियमित करने जैसे कई ऐतिहासिक फैसले लिए हैं।
पैंशनरों और कर्मचारियों के एरियर का होगा भुगतान
बजट में मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि पिछली सरकारों द्वारा वेतन और पैंशन बकाया का भुगतान न करने के कारण सरकार पर लगभग 13 हजार करोड़ रुपए की देनदारी बन गई है। वर्तमान सरकार ने इन सभी बकायों का समयबद्ध भुगतान करने का संकल्प लिया है। इसके तहत वर्ष 2016 से पूर्व के सभी पैंशनरों और पारिवारिक पैंशनरों को उनके बकाया एरियर का पूरा भुगतान वित्तीय वर्ष 2026-27 में किया जाएगा। इसके अलावा 1 जनवरी 2016 से 31 दिसम्बर 2021 के बीच सेवानिवृत्त हुए चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों की बकाया ग्रैच्युटी और लीव एनकैशमेंट के एरियर का भी पूरा भुगतान इसी वित्त वर्ष में होगा। इन एरियर के भुगतान पर सरकार लगभग 300 करोड़ रुपए खर्च करेगी।
स्टडी लीव पर मिलेगा 100 प्रतिशत वेतन
कर्मचारियों के हित में एक और बड़ा फैसला लेते हुए सरकार ने घोषणा की है कि आगामी वित्त वर्ष से स्टडी लीव पर जाने वाले सभी कर्मचारियों को 100 प्रतिशत वेतन का भुगतान किया जाएगा। जिन कर्मचारियों ने पहले स्टडी लीव ली है, उनके शेष वेतन का भी भुगतान कर दिया जाएगा। वहीं, अनुबंध और दैनिक वेतन भोगियों के लिए बड़ी राहत देते हुए सरकार ने पुरानी व्यवस्था बहाल कर दी है। अब तक साल में केवल एक बार नियमितीकरण होता था, लेकिन अब निर्धारित सेवाकाल पूरा करने वाले कर्मचारियों को पूर्व की भांति साल में दो बार (31 मार्च 2026 और 30 सितम्बर 2026) को नियमित किया जाएगा।
दिहाड़ी और आऊटसोर्स कर्मचारियों के वेतन में इजाफा
सरकार ने दैनिक वेतनभोगियों की दिहाड़ी में 25 रुपए की बढ़ौतरी की है। अब उन्हें 425 के बजाय 450 रुपए प्रतिदिन दिहाड़ी मिलेगी। इसके साथ ही, विभिन्न विभागों में सेवाएं दे रहे आउऊटसोर्स कर्मचारियों का न्यूनतम वेतन भी तय कर दिया गया है, जो अब 13,750 रुपए प्रतिमाह होगा। इसके अलावा लोक निर्माण विभाग के मल्टी टास्क वर्कर्स, एसएमसी अध्यापकों, आईटी टीचर्स, स्पैशल पुलिस ऑफिसर और पार्ट-टाइम मल्टी टास्क वर्कर्स के मासिक मानदेय में भी 500-500 रुपए की बढ़ोतरी करने की घोषणा की गई है।
आंगनबाड़ी, आशा वर्कर और सिलाई शिक्षकों के मानदेय में 1000 रुपए की बढ़ौतरी
बजट में मानदेय पर काम करने वाले वर्करों को बड़ी सौगात दी गई है। इनके मानदेय में 1000 रुपए प्रतिमाह का इजाफा किया गया है।
- आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को अब 11,500 रुपए रुपए प्रतिमाह मिलेंगे।
- मिनी आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को 8,300 रुपए प्रतिमाह मिलेंगे।
- आंगनबाड़ी सहायिकाओं को अब 6,800 रुपए प्रतिमाह मिलेंगे।
- आशा वर्करों को अब 6,800 रुपए प्रतिमाह मिलेंगे।
- सिलाई शिक्षकों के मासिक मानदेय में भी 1000 रुपए की बढ़ौतरी की गई है।
मिड-डे मील, जल रक्षक सहित इन वर्करों के मानदेय में 500 रुपए का इजाफा
विभिन्न विभागों में काम करने वाले अंशकालिक और अन्य वर्करों के मानदेय में 500 रुपए प्रतिमाह की बढ़ौतरी की गई है।
- मिड-डे मील वर्करों को अब 5,500 रुपए प्रतिमाह मिलेंगे।
- वाटर कैरियर (शिक्षा विभाग) को अब 6,000 रुपए प्रतिमाह मिलेंगे।
- जल रक्षकों को अब 6,100 रुपए प्रतिमाह मिलेंगे।
- मल्टी पर्पज वर्करों (जल शक्ति विभाग) को अब 6,000 रुपए प्रतिमाह मिलेंगे।
- पैरा फिटर और पंप ऑप्रेटरों को अब 7,100 रुपए प्रतिमाह मिलेंगे।
- पंचायत चौकीदारों को अब 9,000 रुपए प्रतिमाह मिलेंगे।
- राजस्व चौकीदारों की अब 6,800 रुपए प्रतिमाह मिलेंगे।
- राजस्व लंबरदारों को अब 5,000 रुपए प्रतिमाह मिलेंगे।

