एनआईटी के टॉपरों को गोल्ड मैडल से किया सम्मानित

1/18/2021 10:14:28 PM

हमीरपुर (अनिल): राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान हमीरपुर का 11वां दीक्षांत समारोह ऑनलाइन माध्यम से आयोजित किया गया। इस अवसर पर केंद्रीय शिक्षा मंत्री डा. रमेश पोखरियाल निशंक मुख्यातिथि तथा वित्त और कार्पोरेट राज्य मंत्री अनुराग ठाकुर विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। भारत सरकार के शिक्षा मंत्रालय के ए.डी.जी. मदन मोहन एवं प्रशासनिक परिषद के अध्यक्ष प्रो. चंद्र शेखर ने समारोह की अध्यक्षता की। इस अवसर पर प्रशासनिक परिषद के अन्य सदस्य, सीनेट के सदस्य एवं राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान हमीरपुर के निदेशक प्रो. ललित कुमार अवस्थी एवं अन्य गण्यमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे। दीक्षांत समारोह में वर्ष 2020 में उत्तीर्ण होने वाले छात्रों को कुल 1026 उपाधियां प्रदान की गईं। इस कार्यक्रम में अन्य सभी लोग जैसे सभी छात्र, उनके माता-पिता, प्रतिष्ठित पूर्व छात्र, अन्य आमंत्रित अतिथिगण, संस्थान के शिक्षक एवं कर्मचारी इत्यादि ऑनलाइन माध्यम से कार्यक्रम से जुड़े हुए थे। दीक्षांत समारोह शैक्षणिक शोभायात्रा के आगमन एवं वैदिक मंत्रोच्चारण के साथ प्रात: 11 बजे प्रारंभ हुआ। इसके पश्चात मंच पर उपस्थित विशिष्ट गण्यमान्य अतिथियों, पदाधिकारियों एवं ऑनलाइन माध्यम के द्वारा कार्यक्रम से जुड़े लोगों को सम्मानित किया गया।

कृष्ण मेहरा को सर्वश्रेष्ठ ऑल राऊंडर की उपाधि से किया सम्मानित
इस अवसर पर संस्थान के मेधावी छात्रों को उनकी शैक्षणिक एवं अन्य गतिविधियों में उकृष्ट प्रदर्शन के लिए सम्मानित किया गया। इस प्रक्रिया में कृष्ण मेहरा जोकि कम्प्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग विभाग में बी.टैक के छात्र हैं उन्हें वर्ष 2020 के लिए सर्वश्रेष्ठ ऑल राऊंडर छात्र के रूप में उनकी उपलब्धियों के लिए निदेशक पदक से सम्मानित किया गया। साथ ही अभियांत्रिकी के विभिन्न विषयों में प्रथम और द्वितीय स्थान प्राप्त करने वाले छात्रों को उनकी उपलब्धियों के लिए स्वर्ण और रजत पदक से सम्मानित किया गया।

9 इंजीनियरिंग छात्रों को प्रदान किए स्वर्ण पदक
सिविल इंजीनियरिंग में साजिद मन्नानय इलैक्ट्रीकल इंजीनियरिंग, वैभव द्विवेदीय मैकेनिकल इंजीनियरिंग, गॢवत गुप्ताय इलैक्ट्रॉनिक्स और संचार इंजीनियरिंग, सुश्री आस्था अग्रवालय इलैक्ट्रॉनिक्स और संचार इंजीनियरिंग दोहरी डिग्री, अनिमेष श्रीवास्तवय कम्प्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग, कृष्ण मेहराय कम्प्यूटर विज्ञान और इंजीनियरिंग दोहरी डिग्री निमित भारद्वाज, कैमिकल इंजीनियरिंग में रवींद्र सिंह और आर्किटैक्चर में नलिनी शर्मा को गोल्ड मैडल से सम्मानित किया गया।

रजत पदक प्राप्त करने वाले इंजीनियरिंग के 9 छात्र
सिविल इंजीनियरिंग में अनीश कुमार, इलैक्ट्रीकल इंजीनियरिंग में अमित शर्मा, मैकेनिकल इंजीनियरिंग में एम. इमरानय, इलैक्ट्रॉनिक्स एंड कम्युनिकेशन इंजीनियरिंग में सार्थक जैन, इलैक्ट्रॉनिक्स और संचार इंजीनियरिंग दोहरी डिग्री अपूर्व झा, कम्प्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग में अनन्याश्री, कम्प्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग दोहरी डिग्री में साक्षी पुष्कर, कैमिकल इंजीनियरिंग में निशांत गुप्ता और आर्किटैक्चर में नीरज चौधरी को रजत पदक दिया गया। इनके अतिरिक्त पोस्ट ग्रैजुएट स्तर पर इंजीनियरिंग के विभिन्न विषयों में प्रथम स्थान प्राप्त करने वाले 24 छात्रों को भी उनकी उपलब्धियों के लिए स्वर्ण पदक प्रदान किए गए।

छात्र पैकेज के पीछे नहीं अपितु पेटैंट करवाने की सोच रखें
समारोह के मुख्यातिथि केंद्रीय शिक्षा मंत्री डा. रमेश पोखरियाल निशंक ने अपने दीक्षांत भाषण में उपाधि प्राप्त करने वाले सभी छात्रों को हाॢदक बधाई दी और सराहना करते हुए कहा कि एनआईटी हमीरपुर ने शिक्षा, अनुसंधान और विकास के मामले में अच्छा काम किया है। उन्होंने राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 पर राष्ट्रीय स्तर के वेबिनार के आयोजन और संस्थान में एनईपी-2020 के प्रावधानों को लागू करने के लिए देश का पहला संस्थान बनने के लिए संस्थान के निदेशक प्रो. ललित अवस्थी के प्रयासों की प्रशंसा की। मुख्यातिथि ने कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति हमारे देश को स्वच्छ, स्वस्थ, सशक्त, आत्मनिर्भर और एक श्रेष्ठ भारत बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने जा रही है।

उन्होंने छात्रों को पैकेज के पीछे नहीं अपितु पेटैंट के पीछे जाने की सलाह दी एवं नेशन फस्र्ट कैरेक्टर मस्ट की नीति का पालन करने का आह्वान किया। शिक्षा मंत्री ने बताया कि पूरा विश्व आज भारत की ओर देख रहा है जिसने कोविड-19 महामारी के दौरान भी सभी शिक्षा कार्यक्रम पूर्ण किए एवं दुनिया की सबसे बड़ी प्रतियोगी परीक्षाओं जैसे नीट, जे.ई.ई. मेन और एडवांस का सफलतापूर्वक संचालन किया।

संस्थान में 4000 छात्र नामांकित
 प्रो. ललित कुमार अवस्थी ने संस्थान के बारे में निदेशक की रिपोर्ट प्रस्तुत की। उन्होंने बताया कि वर्तमान में संस्थान में विभिन्न पाठ्यक्रमों में लगभग 4000 छात्र नामांकित हैं। उन्होंने नई शिक्षा नीति के बारे में भी अपने विचार रखे और बताया कि हाल ही में  7 जनवरी 2021 को एनआईटी हमीरपुर की सीनेट ने एनईपी-2020 नीति को सर्वसम्मति से मंजूरी दी। सीनेट की सिफारिशों की कुछ मुख्य विशेषताएं नई शिक्षा नीति के अंतर्गत एक से अधिक निकास नीति, एक से अधिक प्रवेश नीति और छात्रों के लिए अकादमिक बैंक ऑफ  क्रैडिट की स्थापना की है। अंत में संस्थान के कुलसचिव प्रो. आर.के. दत्ता ने धन्यवाद प्रस्ताव प्रस्तुत किया।

केंद्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर का कहना है कि आप इस राष्ट्र की धरोहर हो एवं इस राष्ट्र के भविष्य को संवारने में आपकी एक निश्चित और महत्वपूर्ण भूमिका है। आपको ही नायक बनकर भारत को विकासशील देशों की श्रेणी से उठाकर विकसित राष्ट्रों की श्रेणी में ले जाना है। मुझे पूर्ण विश्वास है कि इस संस्थान से शिक्षा और प्रशिक्षण प्राप्त करके आप आधुनिक समाज की चुनौतियों का सामना करने के लिए तैयार हैं और आप अपने-अपने क्षेत्रों में नए-नए कीर्तिमान स्थापित करेंगे।

आज आप अपने जीवन यात्रा के उस पड़ाव पर हैं, जहां कई दिशाएं या मार्ग आपके सामने हैं। आपको सावधानी से उस मार्ग का चयन करने की आवश्यकता है जो आपके लिए सर्वश्रेष्ठ हो। आपका उद्देश्य केवल ज्ञान को प्राप्त करना ही नहीं, बल्कि ज्ञान का सृजन करना भी होना चाहिए ताकि आप उसे अगली पीढ़ी को हस्तांतरित कर सकें।
प्रो. चंद्र शेखर, प्रशासनिक परिषद के अध्यक्ष


Kuldeep

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