हमीरपुर, ऊना और बिलासपुर में NSO करेगा अहम सर्वेक्षण, नीति-निर्माण के लिए घर-घर पहुंचेंगी टीमें
punjabkesari.in Thursday, Oct 01, 2026 - 06:54 PM (IST)
हमीरपुर (राजीव): राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय द्वारा जनहित और देश के नीति-निर्माण के लिए अक्तूबर माह में महत्वपूर्ण सांख्यिकीय सर्वेक्षण किए जाएंगे। ये सर्वेक्षण हिमाचल प्रदेश के हमीरपुर, ऊना और बिलासपुर जिलों के विभिन्न ग्रामीण व शहरी क्षेत्रों में आयोजित होंगे। राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय के उप क्षेत्रीय कार्यालय हमीरपुर के सहायक निदेशक रूपेश जालवाल ने यह जानकारी देते हुए आम जनता से सहयोग की अपील की है।
रोजगार, आय और कर्ज से जुड़े जुटाए जाएंगे आंकड़े
सहायक निदेशक रूपेश जालवाल ने बताया कि जन-कल्याण और भविष्य की नीतियां तय करने के लिए सटीक आंकड़ों का होना बहुत जरूरी है। अक्तूबर माह में होने वाले इन सर्वेक्षणों में मुख्य रूप से आवधिक श्रम बल (रोजगार की स्थिति), राष्ट्रीय परिवार आय, प्रवासन (माइग्रेशन), ऋण व निवेश (कर्ज की स्थिति), स्थिति आकलन और अनिगमित क्षेत्र के प्रतिष्ठानों के वार्षिक सर्वेक्षण से संबंधित महत्वपूर्ण सूचनाएं एकत्रित की जाएंगी। इसके लिए राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय के अधिकृत कनिष्ठ सांख्यिकीय अधिकारी, सर्वे प्रगणक और पर्यवेक्षक फील्ड में उतरेंगे। ये टीमें वैज्ञानिक प्रतिदर्श पद्धति के आधार पर चुने गए परिवारों से एक निर्धारित प्रश्नावली के जरिए जानकारी हासिल करेंगी।
अक्तूबर माह में इन गांवों में होगा सर्वेक्षण
सर्वेक्षण कार्य के लिए तीनों जिलों के विशिष्ट गांवों का चयन किया गया है, जहां टीमें दौरा करेंगी। टीमें हमीरपुर जिला के नंदल, कोट, उखली और ककरोहल गांव, ऊना जिला के जमन कौल, समूर कलां, कुनेरन उपरला और बडेहर उर्फ देहलां गांव तथा बिलासपुर जिला के बल्हसीणा, जंगला, बह और बैरी मियां गांव का दौरा करेंगी।
जानकारी रहेगी पूरी तरह गोपनीय
सहायक निदेशक ने आम नागरिकों और व्यवसायिक प्रतिष्ठानों से आग्रह किया है कि जब सर्वेक्षण दल उनके पास आएं, तो वे उन्हें सही, पूर्ण और तथ्यात्मक जानकारी उपलब्ध करवाएं। इसके साथ ही उन्होंने लोगों को आश्वस्त किया है कि नागरिकों एवं प्रतिष्ठानों द्वारा दी गई समस्त जानकारी पूर्णतः गोपनीय रखी जाएगी। इस डाटा का उपयोग केवल सांख्यिकीय उद्देश्यों और सरकारी योजनाओं के निर्माण के लिए ही किया जाएगा।

