लॉकअप हत्याकांड: 30 नवंबर को CBI हाईकोर्ट में पेश करेगी स्टेटस रिपोर्ट
punjabkesari.in Monday, Nov 27, 2017 - 12:30 PM (IST)

शिमला: सूरज लॉकअप हत्याकांड मामले में सीबीआई की जांच की आंच तेज हो चुकी है। सीबीआई अब इस मामले में 30 नवंबर को हाईकोर्ट में स्टटेस रिपोर्ट पेश करेगी। सीबीआई ने पिछले शनिवार से 8 निलंबित पुलिस आरोपी अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ जिला कोर्ट में चार्जशीट पेश कर दी है। 85 दिनों से न्यायिक हिरासत काट रहे आरोपी पुलिसवालों का कच्चा चिट्ठा कोर्ट के समक्ष रखा गया है। दिलचस्प बात यह है कि आरोपियों को 90 दिनों के बाद जमानत मिलने के सपने पर पानी फिर गया है। अब न्यायालय में आरोपियों के खिलाफ मुकद्दमा चलेगा। आरोपी सूरज की हत्या में जिसकी जो भूमिका होगी उसी के मुताबिक उसे सजा भुगतनी पड़ेगी।
सूरज की हत्या से सबंधित यह पहली स्टेटस रिपोर्ट होगी
उल्लेखनीय है कि सूरज की हत्या से सबंधित यह पहली स्टेटस रिपोर्ट होगी और यह पहला मौका होगा जब सूरज के मामले में सुनवाई होगी। 20 दिसंबर को गुड़िया मामले पर सुनवाई होगी और सीबीआई जांच की स्टेटस रिपोर्ट भी कोर्ट में पेश करेगी। ध्यान रहे कि सीबीआई अभी तक गुड़िया मामले में चार्जशीट पेश नहीं कर सकी है। वहीं 25 नवंबर को सीबीआई ने जिला अदालत में चालान पेश किया था। 600 पन्नों के इस चालान में सीबीआई ने सूरज की हत्या मामले के सबूतों और साक्ष्यों को रखा है। इसी के साथ IG जैदी, SP शिमला रहे डी डब्ल्यू नेगी सहित 9 पुलिस वालों को जिला अदालत ने 2 सप्ताह की न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। अब सभी आरोपी 7 दिसम्बर तक न्यायिक हिरासत में रहेंगे।
यह है मामला
बीते 4 जुलाई को स्कूल से घर वापस लौटते समय गुड़िया अचानक लापता हो गई थी तथा 6 जुलाई की सुबह उसका शव दांदी जंगल में पड़ा मिला था। इस मामले में सबसे पहले पुलिस ने जांच अमल में लाई थी। इसके बाद यह मामला एस.आई.टी. को सौंपा गया। इसके बाद एस.आई.टी. ने मामला सुलझाने का दावा करते हुए 6 लोगों को गिरफ्तार किया। इसी बीच यह केस सी.बी.आई. के सुपुर्द कर दिया गया लेकिन उससे पहले पुलिस लॉकअप में एक आरोपी सूरज की हत्या हो गई, ऐसे में सी.बी.आई. ने बीते 22 जुलाई को गुडिय़ा मर्डर और रेप केस तथा पुलिस लॉकअप हत्याकांड को लेकर अलग-अलग मामले दर्ज किए।