Kangra: आग की भेंट चढ़ा गरीब परिवार का अशियाना, महिलाओं और बच्चों ने भागकर बचाई जान
punjabkesari.in Sunday, Aug 30, 2026 - 06:36 PM (IST)
डरोह (अजय): भवारना क्षेत्र के अंतर्गत आती ग्राम पंचायत बसकेहड़ के वार्ड नंबर-5 में रविवार को एक बड़ा हादसा सामने आया। यहां एक गरीब परिवार के स्लेटपोश मकान में अचानक भयंकर आग लग गई। गनीमत यह रही कि इस घटना में कोई जनहानि नहीं हुई, लेकिन परिवार की जीवन भर की कमाई और पूरी गृहस्थी जलकर राख हो गई। प्रथम दृष्टया आग लगने का कारण शॉर्ट सर्किट माना जा रहा है। जानकारी के अनुसार रविवार सुबह करीब साढ़े 9 बजे वार्ड नंबर-5 निवासी देश राज के स्लेटपोश मकान से अचानक आग की लपटें और धुआं उठने लगा। उस समय घर के अंदर महिलाएं और बच्चे मौजूद थे। आग भड़कते ही घर में चीख-पुकार मच गई। समय रहते महिलाओं और बच्चों ने घर से बाहर भागकर अपनी जान बचाई। देखते ही देखते आग से स्लेटपोश छत और अंदर रखा सारा घरेलू सामान जलकर खाक हो गया।
ग्रामीणों और दमकल विभाग ने आग पर पाया काबू
आग लगने की सूचना मिलते ही सबसे पहले स्थानीय ग्रामीणों ने अपने स्तर पर आग बुझाने के प्रयास शुरू कर दिए। इसके तुरंत बाद सूचना पाकर दमकल विभाग की टीम मौके पर पहुंच गई। लीडिंग फायरमैन भुपिंदर कुमार, फायरमैन रंजू जग्गी, चंद्रवीर और होमगार्ड के जवान सूर्यकांत व मनोज कुमार की टीम ने कड़ी मशक्कत के बाद आग पर पूरी तरह से काबू पाया। यदि समय रहते आग पर नियंत्रण नहीं पाया जाता, तो आसपास के अन्य मकान भी इस भीषण आग की चपेट में आ सकते थे।
मिट्टी के बर्तन बनाकर चलता था गुजारा, रोजी-रोटी का साधन भी जला
इस आगजनी ने देश राज के परिवार को गहरे आर्थिक संकट में धकेल दिया है। पीड़ित परिवार मेहनत-मजदूरी और मिट्टी के बर्तन बनाकर अपना गुजर-बसर करता है। आग की इस घटना में घर के राशन और कपड़ों के साथ-साथ परिवार की रोजी-रोटी का साधन यानी मिट्टी के बर्तन भी पूरी तरह जलकर टूट-फूट गए हैं। जीवन यापन के एकमात्र साधन के छिन जाने से परिवार अब खुले आसमान के नीचे आ गया है।
प्रशासन ने दी फौरी राहत, ग्रामीणों ने उठाई मुआवजे की मांग
हादसे की सूचना मिलते ही पंचायत प्रतिनिधि और हलका पटवारी मौके पर पहुंचे। पटवारी ने घटनास्थल का मुआयना कर नुक्सान की विस्तृत रिपोर्ट तैयार की। बारिश से बचाव के लिए प्रशासन की ओर से पीड़ित परिवार को फौरी राहत के रूप में तिरपाल उपलब्ध करवाया गया है और हरसंभव सरकारी सहायता दिलाने का आश्वासन दिया गया है। वहीं, स्थानीय ग्रामीणों और पंचायत प्रतिनिधियों ने प्रदेश सरकार व जिला प्रशासन से मांग की है कि पीड़ित परिवार की दयनीय स्थिति को देखते हुए उन्हें जल्द से जल्द उचित आर्थिक मुआवजा प्रदान किया जाए।
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