फिजियोथैरेपिस्ट सुसाइड मामले में SIT का गठन, चिकित्सक-होमगार्ड थाने तलब

फिजियोथैरेपिस्ट सुसाइड मामले में SIT का गठन, चिकित्सक-होमगार्ड थाने तलब

बिलासपुर: क्षेत्रीय अस्पताल बिलासपुर में कार्यरत फिजियोथैरेपिस्ट डा. ज्योति ठाकुर के मामले की जांच के लिए अब पुलिस ने एस.आई.टी. का गठन कर दिया है। 3 सदस्यीय एस.आई.टी. की कमान डी.एस.पी. घुमारवीं राजेश कुमार को सौंपी गई है। गौरतलब है कि डा. ज्योति ठाकुर का शव उनके रौड़ा सैक्टर स्थित निजी आवास में गत 6 सितम्बर को पंखे से लटका मिला था। प्रारंभिक जांच में पुलिस ने आत्महत्या का मामला बताया था। बाद में मृतका के भाई ने इसे सुनियोजित हत्या करार देते हुए इस बारे ऑनलाइन शिकायत की थी तथा गत दिवस मृतका के परिजनों ने हमीरपुर की पूर्व विधायक उर्मिल ठाकुर के नेतृत्व में एस.पी. बिलासपुर और डी.सी. से मुलाकात कर जांच की मांग की थी।

पिता ने बेटी के पोस्टमार्टम पर उठाए थे सवाल
मृतका के पिता सेवानिवृत्त तहसीलदार राम चंद ठाकुर ने भी इसे हत्या बताया था। मृतका के पिता ने तो उस दिन रात को करीब 8 बजे ज्योति ठाकुर के शव का पोस्टमार्टम करवाने पर भी सवालिया निशान लगाए थे। बताया जा रहा है कि पुलिस ने इस मामले में एक निजी चिकित्सक और उनके साथ मृतका के निवास पर गए होमगार्ड को भी थाने में तलब किया है। पुलिस इस पर कुछ भी खुलकर बोलने को तैयार नहीं है। एस.पी. बिलासपुर अंजुम आरा ने बताया कि एस.आई.टी. का गठन कर दिया गया है तथा एस.आई.टी. ने अपनी कार्रवाई शुरू कर दी है। 



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