यहां इस बीमारी की चपेट में आए लोग, अस्पतालों में बढ़ी मरीजों की संख्या

यहां इस बीमारी की चपेट में आए लोग, अस्पतालों में बढ़ी मरीजों की संख्या

बड़सर: उपमंडल बड़सर में इन दिनों वायरल फीवर का प्रकोप लगातार बढ़ता जा रहा है, जिससे यहां के अस्पतालों में अधिकांश संख्या में वायरल फीवर से ग्रस्त मरीज पहुंच रहे हैं। क्षेत्र में फैले वायरल फीवर की वजह चाहे मौसम का बदलाव कहें या फिर दूषित पेयजल का प्रयोग, लेकिन इसकी वजह से क्षेत्र के सभी छोटे-बड़े अस्पतालों में वायरल व टायफाइड के मरीजों की संख्या में लगातार इजाफा हो रहा है। सी.एच.सी. बड़सर, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र बिझड़ी, भोटा व अन्य प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों और उपस्वास्थ्य केंद्रों में काफी संख्या में वायरल, टायफाइड व उल्टी-दस्त के मरीज पहुंच रहे हैं। 

300 में से 140 मरीज वायरल फीवर से पीड़ित
जानकारी के अनुसार बड़सर अस्पताल में ओ.पी.डी. में रोजाना लगभग 300 में से 120 से 140 मरीज, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र बिझड़ी में 150 में से 80 से 100 मरीज वायरल फीवर व टायफाइड से ही पीड़ित हैं। इसके अलावा उपमंडल के सभी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों व उपकेंद्रों की ओ.पी.डी. में भी वायरल फीवर के मरीजों की संख्या ज्यादा है। आयुर्वैदिक अस्पताल बिझड़ी में 70 प्रतिशत मरीज वायरल फीवर से पीड़ित हैं। दूषित पेयजल की सप्लाई को लेकर क्षेत्र के लोगों ने कई बार शिकायत की, लेकिन दूषित पेयजल की सप्लाई के प्रति विभाग संवेदनशील नजर नहीं आया।

क्या कहते हैं बी.एम.ओ.
बड़सर का अतिरिक्त कार्यभार देख रहे बी.एस.ओ. डा. एच.आर. कालिया ने बताया कि बड़सर के अस्पतालों की ओ.पी.डी. में वायरल व टायफाइड के मरीजों की संख्या अधिक है। बरसात के मौसम में दूषित पानी के प्रयोग से वायरल फीवर का प्रकोप बढ़ा है। उन्होंने लोगों को खानपान में एहतियात बरतने तथा पानी को उबालकर पीने की सलाह दी है। 



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